Internet finds नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने हाल ही में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की जिसमें उन्होंने भारतीय चुनाव प्रणाली पर सवाल उठाए। इस दौरान उन्होंने एक ब्राजीलियाई मॉडल की तस्वीर दिखाई जो कथित तौर पर हिमाचल प्रदेश या हरियाणा की मतदाता सूची में अलग-अलग नामों से शामिल थी। गांधी ने आरोप लगाया कि इस मॉडल की तस्वीर का उपयोग 22 बार अलग-अलग नामों से वोट डालने के लिए किया गया था।
क्या है पूरा मामला?
राहुल गांधी ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में दावा किया कि हिमाचल प्रदेश या हरियाणा की मतदाता सूची में एक ब्राजीलियाई मॉडल की तस्वीर का उपयोग कई बार अलग-अलग नामों से किया गया है। उन्होंने तस्वीरें दिखाते हुए कहा, “यह देखिए यह एक ब्राजीलियाई मॉडल की तस्वीर है जो अलग-अलग नामों से वोट डाल रही है।” गांधी ने आरोप लगाया कि यह एक केंद्रीयकृत ऑपरेशन है जिसका उद्देश्य चुनावों में धांधली करना है।
नेटिजन्स ने की जांच
हालांकि नेटिजन्स ने जब इस मामले की जांच की तो पता चला कि जिस तस्वीर का उपयोग राहुल गांधी ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में किया था वह एक स्टॉक फोटो है जो ब्राजीलियाई फोटोग्राफर मैथ्यूस फेररो द्वारा खींची गई थी। यह तस्वीर ऑनलाइन उपलब्ध है और कई वेबसाइटों पर देखी जा सकती है।
चुनाव आयोग का जवाब
चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि उनकी पार्टी के पोलिंग एजेंटों ने मतदान के दौरान कोई आपत्ति नहीं जताई थी। आयोग ने कहा, “यदि कांग्रेस पार्टी के एजेंटों को लगता था कि मतदाता सूची में गड़बड़ी है तो उन्हें मतदान के दौरान ही आपत्ति जतानी चाहिए थी।”
राहुल गांधी के आरोपों की जांच
अब देखना यह है कि राहुल गांधी के आरोपों की जांच कैसे की जाती है और क्या इस मामले में कोई दोषी पाया जाता है। फिलहाल यह मामला सुर्खियों में है और सभी की निगाहें इस पर टिकी हुई हैं।
मतदाता सूची की जांच की मांग
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मतदाता सूची की जांच की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया है कि मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की गई है और इसका उद्देश्य चुनावों में धांधली करना है। उन्होंने कहा, “हमें मतदाता सूची की जांच करनी चाहिए और दोषियों को सजा देनी चाहिए।”