Bihar 2025 meets ‘1984’ बिहार:- जॉर्ज ऑरवेल जिन्हें उनके कालजयी उपन्यास “1984” और “एनिमल फार्म” के लिए जाना जाता है का जन्म 25 जून, 1903 को बिहार के मोतिहारी में हुआ था। उनके पिता रिचर्ड ब्लेयर ने अफीम विभाग में एक अधिकारी के रूप में काम किया था और उनकी माता इदा लिमोउज़िन ब्लेयर फ्रांसीसी मूल की थीं।
ऑरवेल का जन्मस्थान जो अब एक ऐतिहासिक धरोहर है वर्तमान में उपेक्षा की स्थिति में है। घर की स्थिति इतनी खराब है कि इसे एक पशुशाला के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है, और इसकी दीवारें टूट रही हैं। स्थानीय निवासी भोला मीणा ने कहा, “यह हमारी धरोहर है हमें इसे बचाना चाहिए।” ऑरवेल के जन्मस्थान को बचाने के लिए स्थानीय निवासियों ने एक वेबसाइट (लिंक उपलब्ध नहीं है) शुरू की है जिसका उद्देश्य लोगों को ऑरवेल के जीवन और कार्यों के बारे में जागरूक करना है।
मोतिहारी के निवासी और ऑरवेल के प्रशंसक देबाप्रिया मुखर्जी ने कहा, “हम ऑरवेल के जन्मस्थान को एक संग्रहालय में बदलना चाहते हैं ताकि लोग उनके जीवन और कार्यों के बारे में जान सकें।” ऑरवेल के जन्मस्थान की उपेक्षा के कारण बिहार की सांस्कृतिक धरोहर को नुकसान पहुंच रहा है। यह आवश्यक है कि सरकार और स्थानीय निवासी ऑरवेल के जन्मस्थान को बचाने के लिए एकजुट हों और इसे एक ऐतिहासिक धरोहर के रूप में विकसित करें।