Bangladesh Tribunal बांग्लादेश:- बांग्लादेश की अंतरराष्ट्रीय अपराध ट्रिब्यूनल (आईसीटी-बीडी) ने पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के खिलाफ फैसला सुनाना शुरू कर दिया है। हसीना पर पिछले साल छात्र आंदोलन के दौरान मानवता के खिलाफ अपराध करने का आरोप है। ट्रिब्यूनल ने हसीना के दो सहयोगियों, पूर्व गृह मंत्री असदुज्जामन खान कमल और पूर्व पुलिस प्रमुख चौधरी अब्दुल्ला अल-मामून के खिलाफ भी फैसला सुनाया है। हसीना और उनके सहयोगियों पर आरोप है कि उन्होंने आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों के खिलाफ अत्यधिक बल का प्रयोग किया, जिसमें सैकड़ों लोग मारे गए थे।
हसीना ने इन आरोपों से इनकार किया है और ट्रिब्यूनल को “कांगूरू कोर्ट” कहा है। उन्होंने आरोप लगाया है कि वर्तमान अंतरिम सरकार उनके खिलाफ साजिश रच रही है । ट्रिब्यूनल का फैसला बांग्लादेश में कड़ी सुरक्षा के बीच सुनाया जा रहा है। सरकार ने देश में शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा बलों को तैनात किया है।
हसीना के बेटे साजिब वाजेद ने कहा है कि उनकी माँ भारत में सुरक्षित हैं और उन्हें कोई खतरा नहीं है। उन्होंने यह भी कहा है कि अगर हसीना को दोषी ठहराया जाता है, तो उनकी पार्टी आंदोलन करेगी। बांग्लादेश की अंतरराष्ट्रीय अपराध ट्रिब्यूनल का फैसला बांग्लादेश के इतिहास में एक महत्वपूर्ण क्षण है। यह फैसला देश में न्याय और शांति की दिशा में एक कदम हो सकता है।