Researchers identify मुंबई:- एक नए अध्ययन में पाया गया है कि भारतीय तंबाकू चबाने वालों में मुंह के कैंसर के शुरुआती कारणों की पहचान की गई है। यह अध्ययन टाटा मेमोरियल सेंटर के एडवांस्ड सेंटर फॉर ट्रीटमेंट, रिसर्च एंड एजुकेशन इन कैंसर (एसीटीआरईसी) के शोधकर्ताओं द्वारा किया गया है।
अध्ययन के अनुसार तंबाकू चबाने वालों में मुंह के कैंसर का खतरा 26 गुना अधिक होता है और जिन लोगों में उच्च आनुवंशिक जोखिम होता है उनमें यह खतरा दोगुना हो जाता है। शोधकर्ताओं ने पाया है कि तंबाकू चबाने वालों में मुंह के कैंसर का खतरा 10 साल पहले ही बढ़ जाता है जो पहले अनुमानित 20 साल से कम है। अध्ययन में पाया गया है कि मुंह के कैंसर के शुरुआती कारणों में से एक है आनुवंशिक परिवर्तन जो तंबाकू चबाने से जुड़े होते हैं। शोधकर्ताओं ने पाया है कि जिन लोगों में उच्च आनुवंशिक जोखिम होता है उनमें मुंह के कैंसर का खतरा अधिक होता है।
मुह के कैंसर के लक्षण
– मुंह में दर्द या जलन
– मुंह में सफेद या लाल धब्बे
– मुंह में गांठ या सूजन
– दांतों में दर्द या ढीलापन
– गले में दर्द या सूजन
मुह के कैंसर से बचाव
– तंबाकू चबाना बंद करें
– शराब का सेवन कम करें
– मुंह की स्वच्छता का ध्यान रखें
– नियमित जांच कराएं