Bypass Surgery दिल्ली:- कोरोनरी हृदय रोग एक गंभीर समस्या है जिसमें हृदय की रक्त वाहिकाएं संकुचित या बंद हो जाती हैं। इससे हृदय को रक्त की आपूर्ति कम हो जाती है जिससे हृदय हमला हो सकता है। कोरोनरी एंगियोप्लास्टी और बायपास सर्जरी दो आम उपचार हैं जो इस समस्या को हल करने में मदद करते हैं।
कोरोनरी एंगियोप्लास्टी क्या है?
कोरोनरी एंगियोप्लास्टी एक प्रक्रिया है जिसमें एक छोटी ट्यूब (कैथेटर) को हृदय की रक्त वाहिकाओं में डाला जाता है। इस ट्यूब के माध्यम से एक छोटा गुब्बारा (बैलून) डाला जाता है जो रक्त वाहिका को चौड़ा करता है। इसके बाद एक स्टेंट (एक छोटी जाली) लगाया जाता है ताकि रक्त वाहिका खुली रहे।
बायपास सर्जरी क्या है?
बायपास सर्जरी एक ऑपरेशन है जिसमें हृदय की रक्त वाहिकाओं को बायपास किया जाता है। इसमें एक स्वस्थ रक्त वाहिका को शरीर के किसी अन्य भाग से लिया जाता है और इसे हृदय की रक्त वाहिकाओं से जोड़ा जाता है। इससे रक्त वाहिका को चौड़ा किया जाता है और हृदय को रक्त की आपूर्ति बढ़ जाती है।
कोरोनरी एंगियोप्लास्टी और बायपास सर्जरी में क्या अंतर है?
कोरोनरी एंगियोप्लास्टी और बायपास सर्जरी दोनों ही उपचार हैं लेकिन इनमें कुछ अंतर हैं:
– कोरोनरी एंगियोप्लास्टी एक कम आक्रामक प्रक्रिया है जबकि बायपास सर्जरी एक अधिक आक्रामक ऑपरेशन है।
– कोरोनरी एंगियोप्लास्टी में रिकवरी समय कम होता है जबकि बायपास सर्जरी में रिकवरी समय अधिक होता है।
– कोरोनरी एंगियोप्लास्टी में स्टेंट लगाया जाता है जबकि बायपास सर्जरी में रक्त वाहिका को बायपास किया जाता है।