जौनपुर (उत्तर प्रदेश):- जलालपुर जौनपुर उत्तर प्रदेश में स्थित कंपोजिट विद्यालय दुबेपुर में शनिवार को वार्षिक समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के मेधावी छात्रों को सम्मानित किया गया और उनकी उपलब्धियों की सराहना की गई। यह कार्यक्रम समाजसेवी स्वर्गीय केदारनाथ दुबे की पुण्य स्मृति में आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह के रूप में संपन्न हुआ। समारोह में शिक्षा जगत और प्रशासन से जुड़ी कई प्रतिष्ठित हस्तियां उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉक्टर गोरखनाथ पटेल रहे। उन्होंने मेधावी छात्रों को पुरस्कार प्रदान करते हुए कहा कि पुरस्कार केवल एक वस्तु नहीं है बल्कि यह बच्चों की कड़ी मेहनत लगन और अनुशासन का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हर बच्चा प्रतिभावान होता है और आवश्यकता केवल सही दिशा में निरंतर प्रयास की होती है। सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता और यह केवल परिश्रम और अनुशासन से ही प्राप्त की जा सकती है।
बयालसी इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉक्टर शैलेंद्र कुमार सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि बच्चों के भीतर असीम संभावनाएं छिपी होती हैं। यदि वे अपनी रुचि को पहचान कर आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ें तो कोई भी लक्ष्य कठिन नहीं रहता। उन्होंने छात्रों को निरंतर सीखते रहने की प्रेरणा दी।
बयालसी पीजी कॉलेज की प्राचार्य डॉक्टर अखेश्वरी सिंह ने कहा कि पुरस्कार विद्यार्थियों की मेहनत की गवाही देते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि विद्यालय का रिपोर्ट कार्ड केवल बौद्धिक क्षमता को दर्शाता है जबकि चरित्र और संस्कार जीवन की वास्तविक पूंजी होते हैं। शिक्षा का उद्देश्य केवल सफल व्यक्ति बनाना नहीं बल्कि बेहतर इंसान बनाना है।
कक्षा आठ में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाले छात्र संगम सिंह को न्यायिक मजिस्ट्रेट केराकत बिंदु लता सिंह द्वारा नगद राशि और स्टेशनरी देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में संतोष दुबे सविता दुबे संजय दुबे और धनंजय दुबे ने आभार ज्ञापन किया तथा अतिथियों को अंग वस्त्र भेंट किए गए।
इस अवसर पर रिटायर्ड आईपीएस अनिल मिश्रा पूर्व ब्लाक प्रमुख शंकर यादव ब्लाक अध्यक्ष पवन सिंह संतोष दुबे और राज बहादुर सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। समारोह ने विद्यार्थियों में नई ऊर्जा और प्रेरणा का संचार किया।