Backroom brief मणिपुर:- मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री एन बिरेन सिंह अपनी राजनीतिक वापसी के लिए जोरदार प्रयास कर रहे हैं। उनकी कोशिशों के बीच, यह सवाल उठता है कि क्या वे अपनी पुरानी कुर्सी वापस पा सकेंगे? बिरेन सिंह ने हाल ही में दिल्ली में भाजपा के शीर्ष नेताओं से मुलाकात की है जिसमें उन्होंने मणिपुर में सरकार बनाने की अपनी इच्छा जताई है।
बिरेन सिंह की राजनीतिक यात्रा हमेशा सुर्खियों में रही है। उन्होंने 2023 में मणिपुर में हुए जातीय हिंसा के बाद मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था, जिसके बाद राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाया गया था। अब, वे अपनी पार्टी के भीतर और बाहर समर्थन जुटाने की कोशिश कर रहे हैं बिरेन सिंह की वापसी की कोशिशों को कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। मणिपुर में भाजपा के भीतर उनके विरोधी है जो उनकी वापसी के खिलाफ हैं। इसके अलावा, राज्य में जातीय हिंसा के बाद पैदा हुए तनाव को कम करना भी एक बड़ी चुनौती है।
बिरेन सिंह ने हाल ही में एक बयान में कहा, “हम मणिपुर में सरकार बनाने के लिए काम कर रहे हैं। हमारी कोशिश है कि राज्य में शांति और स्थिरता वापस आए।” उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा एक राष्ट्रीय पार्टी है और वे राज्य में सरकार बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं बिरेन सिंह की वापसी की कोशिशें मणिपुर की राजनीति में एक नया अध्याय खोल सकती हैं। अगर वे सफल होते हैं तो यह उनकी राजनीतिक कारियर के लिए एक बड़ा उलटफेर होगा। लेकिन अगर वे असफल होते हैं, तो यह उनकी राजनीतिक वापसी के लिए एक बड़ा झटका होग।