गाजियाबाद (उत्तर प्रदेश):- गंभीर बीमारी से जूझ रहे हरीश राणा के मामले ने पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। परिवार लंबे समय से उनके इलाज और स्वास्थ्य सुधार के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है। इसी बीच राजस्थान से अखंडानंद बाबा विशेष जड़ी बूटियां लेकर हरीश को ठीक करने की आशा के साथ पहुंचे।
बताया जा रहा है कि बाबा कई घंटे तक इंतजार करते रहे ताकि हरीश तक अपनी जड़ी बूटियां पहुंचा सकें। उनका कहना था कि आयुर्वेदिक और पारंपरिक औषधियों में कई ऐसी शक्तियां होती हैं जो गंभीर बीमारियों में भी मदद कर सकती हैं। परिवार के कुछ सदस्यों ने भी उम्मीद जताई कि शायद इन जड़ी बूटियों से कोई सकारात्मक परिणाम सामने आए।
इस पूरे मामले के बीच हरीश के पिता का बयान भी सामने आया है। उन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु को लेकर कहा कि किसी भी पिता के लिए ऐसा निर्णय बेहद कठिन होता है। उन्होंने कहा कि एक पिता होने के नाते वे अपने बेटे को बचाने के लिए हर संभव कोशिश करना चाहते हैं और उम्मीद करते हैं कि कोई न कोई रास्ता जरूर निकलेगा।
हरीश राणा का मामला अब केवल एक परिवार की परेशानी तक सीमित नहीं रहा बल्कि समाज में गंभीर बीमारी, इलाज की उम्मीद और इच्छामृत्यु जैसे संवेदनशील मुद्दों पर चर्चा का विषय बन गया है। लोग हरीश के जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं और परिवार के साथ सहानुभूति जता रहे हैं।