केराकत (उत्तर प्रदेश):- केराकत क्षेत्र में दलित महिला सभासद के साथ अभद्रता और उनके परिजनों की पिटाई के आरोपों से जुड़े मामले में बढ़ते दबाव के बाद पुलिस प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं।मामला सामने आने के बाद विभिन्न संगठनों के विरोध और शिकायतों को देखते हुए प्रारंभिक जांच कराई गई। जांच के आधार पर प्रभारी निरीक्षक दीपेंद्र सिंह का स्थानांतरण कर उन्हें मडियाहूं भेज दिया गया है। वहीं तीन पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
इस पूरे मामले की जांच सीओ केराकत अजीत राजन द्वारा की गई और रिपोर्ट पुलिस अधीक्षक को सौंपी गई। जांच में अनुशासनहीनता और लापरवाही सामने आने पर कस्बा चौकी इंचार्ज गांधारी पांडे हेड कांस्टेबल रणजीत सिंह और कांस्टेबल मिथिलेश राजभर पर कार्रवाई की गई।
आरोप के मुताबिक नालापार वार्ड की सभासद मंजू देवी ने कहा था कि 4 मार्च होली के दिन एक विवाद की सूचना पर पहुंची पुलिस ने बिना सही जांच के उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और परिजनों के साथ मारपीट की। साथ ही उन्हें और उनके परिवार को रात भर कोतवाली में बैठाए रखने का भी आरोप लगाया गया था।
मामले को लेकर एसपी से शिकायत की गई थी जिसके बाद यह कार्रवाई हुई। वहीं दीपेंद्र सिंह के स्थानांतरण के बाद चंदवक के क्राइम इंस्पेक्टर को केराकत की नई जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में चर्चाओं का माहौल है और लोग आगे की जांच रिपोर्ट पर नजर बनाए हुए हैं।