Water Contamination Crisis इंदौर:- मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में जल प्रदूषण की घटना ने लोगों को नल के पानी पर से भरोसा खो दिया है। लोग अब बाजार से पानी की बोतलें खरीद रहे हैं जिससे उनकी जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। भगिरथपुरा क्षेत्र में हुई इस घटना में अब तक 10 लोगों की मौत हो चुकी है और 200 से अधिक लोग अस्पताल में भर्ती हैं इस घटना के बाद लोगों में दहशत फैल गई है। सूनिता नामक एक निवासी ने बताया, “हम नल के पानी को पीने से डरते हैं। हमें लगता है कि पानी साफ नहीं है, इसलिए हम बाजार से पानी की बोतलें खरीद रहे हैं।” भगिरथपुरा में रहने वाले लोग पिछले दो-तीन साल से नल के पानी की शिकायत कर रहे थे लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई ।
इंदौर नगर निगम ने लोगों को सुरक्षित पानी प्रदान करने के लिए कई कदम उठाए हैं। नगर निगम आयुक्त शिवम वर्मा ने बताया, “हम लोगों को सुरक्षित पानी प्रदान करने के लिए क्लोरिनेशन और अन्य उपाय कर रहे हैं। हमने भगिरथपुरा में टैंकरों के माध्यम से पानी की आपूर्ति शुरू की है।” इस घटना के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव ने नगर निगम आयुक्त दिलीप कुमार यादव को हटाने और अतिरिक्त आयुक्त रोहित सिस्सोनिया और अधीक्षण अभियंता संजीव श्रीवास्तव को निलंबित करने के आदेश दिए हैं।