बेंगलुरु :- बेंगलुरु के जगजीवन राम नगर इलाके में धार्मिक आस्था से जुड़ी एक रथ यात्रा उस समय विवाद का केंद्र बन गई जब शोभायात्रा के दौरान पत्थरबाजी की घटना सामने आई। ओम शक्ति मंदिर से निकली रथ यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल थे और पूरे उत्साह के साथ भगवान की भक्ति में लीन थे। इसी दौरान अचानक माहौल बिगड़ गया और रथ खींच रहे भक्तों पर कथित रूप से पत्थर फेंके गए।
इस अप्रत्याशित हमले में दो मासूम बच्चे घायल हो गए जिनका इलाज नजदीकी अस्पताल में कराया गया। घटना की खबर फैलते ही क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया और श्रद्धालुओं में आक्रोश देखने को मिला। भक्तों का कहना है कि रथ यात्रा पूरी तरह शांतिपूर्ण थी और बिना किसी उकसावे के यह हमला किया गया। इससे धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची है और सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हुए हैं।
घटना के बाद बड़ी संख्या में भक्त जगजीवन राम नगर पुलिस स्टेशन के बाहर एकत्रित हो गए और जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की और क्षेत्र में स्थायी शांति बनाए रखने के लिए कड़े कदम उठाने की अपील की। पुलिस ने हालात को संभालते हुए अतिरिक्त बल तैनात किया और लोगों को शांत करने का प्रयास किया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और पत्थरबाजी में शामिल लोगों की पहचान के लिए जांच शुरू कर दी गई है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि सच्चाई सामने आ सके। पुलिस का दावा है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं।
यह घटना एक बार फिर यह दर्शाती है कि धार्मिक आयोजनों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था कितनी महत्वपूर्ण होती है। शहर की विविधता और आपसी सौहार्द बनाए रखने के लिए जरूरी है कि ऐसे मामलों में त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई हो। स्थानीय लोगों और प्रशासन के सहयोग से ही शांति और भाईचारे का माहौल कायम रखा जा सकता है।