नई दिल्ली :-हाल ही में नीति आयोग के सीईओ बीवीआर सुब्रह्मण्यम ने कहा कि इस माह के अंत तक भारत-अमेरिका व्यापार समझौते (बीटीए) पर सकारात्मक खबरें मिलेंगी। उन्होंने बताया कि अमेरिकी कंपनियां भारत में तेजी से वैश्विक क्षमता केंद्र खोल रही हैं। दुनिया की सुस्त अर्थव्यवस्था के बीच भारत नवाचार, आकार और बाजार के कारण सबसे उज्ज्वल केंद्र बना हुआ है।
मुख्य बिंदु
भारत-अमेरिका व्यापार समझौता (BTA) में जल्द ही सकारात्मक खबरें आने की उम्मीद।
पिछली चुनौतियों के बावजूद व्यापार वार्ताएं जारी हैं।
अमेरिकी कंपनियाँ भारत में ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (GCCs) खोल रही हैं।
भारत की वैश्विक स्थिति मजबूत है।
नीति आयोग के सीईओ बीवीआर सुब्रह्मण्यम ने विश्वास जताया कि इस माह के अंत तक अमेरिका के साथ प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) पर सकारात्मक खबरें आएंगी। अमेरिका के साथ हालात थोड़े मुश्किल रहे हैं। इसे फिर से पटरी पर लाने की कोशिश की जा रही है। व्यापार वार्ताएं चल रही हैं। सीईओ ने कहा, भारत लगातार विदेशी निवेश आकर्षित कर रहा है। अमेरिकी कंपनियां भारत में वैश्विक क्षमता केंद्र खोल रही हैं। इसका मतलब भारत का मूल आकर्षण बाकी सब चीजों पर भारी पड़ेगा।
उनकी यह टिप्पणी इसलिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि अमेरिका भारत पर रूस से कच्चा तेल खरीदना बंद करने का दबाव बना रहा है। अमेरिकी टैरिफ से व्यापार संबंधी चिंताओं के मद्देनजर दुनिया उतार-चढ़ाव से गुजर रही है, जहां व्यापार स्थिर है। प्रत्यक्ष विदेशी निवेश स्थिर या घट रहा है।
सुब्रह्मण्यम ने कहा कि दुनिया उस दिशा में बढ़ रही है जहां कम विकास दर एक सामान्य बात है। और इस सब में भारत अलग उदाहरण है। यह वैश्विक अर्थव्यवस्था में सबसे उज्ज्वल स्थान है, और यही इसे महत्वपूर्ण बनाता है। भारत उज्ज्वल है क्योंकि इसका आकार व बाजार बड़ा है। इसमें नवोन्मेषी प्रतिभाएं हैं। भारत ऐसा ध्रुव होगा जो बाकी को आकर्षित करेगा।