Shankarcharya Notice दिल्ली:-माघ मेला प्रशासन ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को नोटिस जारी कर उनके शंकराचार्य पद पर सवाल उठाए हैं। नोटिस में सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए कहा गया है कि किसी भी धर्माचार्य का ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य के रूप में पट्टाभिषेक नहीं हुआ है, इसके बावजूद शिविर के बोर्ड पर खुद को शंकराचार्य प्रदर्शित करना इस आदेश की अवहेलना है।
माघ मेला प्रशासन ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से 24 घंटे के भीतर जवाब देने का निर्देश दिया है। नोटिस में कहा गया है कि अगर वे अपना जवाब नहीं देते हैं तो इसे सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवहेलना माना जाएगा। देर रात नोटिस लेकर पहुंचे कानूनगो को समर्थकों ने यह कहते हुए लौटा दिया कि सुबह आइए अभी कोई पदाधिकारी नहीं है जो नोटिस रिसीव कर सके स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा है कि प्रशासन शंकराचार्य नहीं तय करता है शंकराचार्य वो है जिसे बाकी तीन पीठ के शंकराचार्य मान्यता दें। तीन में दो पीठ के शंकराचार्य हमको शंकराचार्य कहते हैं।