Nivah virus/दिल्ली:- भारत के पश्चिम बंगाल में निपाह वायरस के दो मामलों की पुष्टि के बाद विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने कहा है कि इस वायरस के फैलने का खतरा कम है और यात्रा या व्यापार पर कोई प्रतिबंध लगाने की आवश्यकता नहीं है।निपाह वायरस एक जानवर से मनुष्य में फैलने वाली बीमारी है जो फलों के बैट्स (फलाहारी बैट) द्वारा फैलती है। यह वायरस मनुष्यों में गंभीर श्वसन और मस्तिष्क की बीमारी का कारण बन सकता है, जिसकी मृत्यु दर 40-75% हो सकती है। डब्ल्यूएचओ ने कहा है कि भारत में निपाह वायरस के मामलों की पुष्टि के बाद कई देशों ने स्वास्थ्य जांच को बढ़ा दिया है, लेकिन अभी तक कोई यात्रा या व्यापार प्रतिबंध नहीं लगाया गया है।
निपाह वायरस के लक्षण
निपाह वायरस के लक्षणों में शामिल हैं:
– बुखार
– सिरदर्द
– मांसपेशियों में दर्द
– श्वसन समस्याएं
– मस्तिष्क की बीमारी (एन्सेफेलिटिस)
निपाह वायरस से बचाव
निपाह वायरस से बचाव के लिए निम्नलिखित उपाय अपनाए जा सकते हैं:
– फलों को अच्छी तरह से धोकर खाएं
– कच्चे फलों का सेवन न करें
– बैट्स से दूर रहें
– शारीरिक संपर्क से बचें
– स्वच्छता का ध्यान रखें
भारत में निपाह वायरस के मामले
भारत में निपाह वायरस के मामले पहले भी सामने आए हैं विशेष रूप से केरल राज्य में। पश्चिम बंगाल में दो मामलों की पुष्टि के बाद, स्वास्थ्य अधिकारियों ने संपर्क में आए लोगों की जांच और निगरानी शुरू कर दी है।
डब्ल्यूएचओ की सलाह
डब्ल्यूएचओ ने सलाह दी है कि निपाह वायरस के खतरे को देखते हुए लोगों को सतर्क रहना चाहिए, लेकिन घबराने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा है कि भारत में स्वास्थ्य अधिकारियों द्वारा उठाए गए कदमों से वायरस के फैलने को रोकने में मदद मिलेगी। निपाह वायरस एक गंभीर बीमारी है लेकिन उचित सावधानी और सतर्कता से इसके खतरे को कम किया जा सकता है।