जौनपुर (उत्तर प्रदेश):- उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में कोडीन युक्त कफ सिरप की तस्करी से जुड़े मामले में पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है। इस प्रकरण में सोमवार को अदालत द्वारा 22 आरोपियों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया है। इसके बाद अब पुलिस आरोपियों की संपत्ति जब्त करने की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी में जुट गई है। सभी आरोपियों की चल अचल संपत्तियों का ब्योरा एकत्र किया जा रहा है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि वाराणसी निवासी शुभम जायसवाल और उनके पिता भोला जायसवाल ने अपनी फर्म शैली ट्रेडर्स के माध्यम से इस अवैध कारोबार को अंजाम दिया। वहीं सहारनपुर के अशोक विहार निवासी विशाल उपाध्याय की फर्म वान्या इंटरप्राइजेज के जरिए जौनपुर की लगभग डेढ़ दर्जन फर्मों में बड़ी मात्रा में कोडीन युक्त कफ सिरप की आपूर्ति की गई। इस नेटवर्क के जरिए लंबे समय से अवैध कारोबार चलाए जाने की आशंका जताई जा रही है।
इस मामले में पुलिस पहले ही भोला जायसवाल को कोलकाता एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर चुकी है। पूछताछ के दौरान कई अहम जानकारियां सामने आई हैं जिनके आधार पर अन्य आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई तेज की गई है।
सीओ सिटी गोल्डी गुप्ता ने बताया कि कोडीन युक्त कफ सिरप तस्करी मामले में जिले के 22 आरोपियों के विरुद्ध गैर जमानती वारंट जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि आरोपियों को जांच में सहयोग करने और पेश होने के लिए पर्याप्त समय दिया गया था लेकिन न तो उन्होंने जांच में सहयोग किया और न ही न्यायालय में हाजिरी लगाई।
सीओ सिटी के अनुसार अब अगला कदम आरोपियों की संपत्तियों को जब्त करने का होगा। इसके लिए कानूनी प्रक्रिया के तहत तैयारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि इस तरह के अवैध नशे के कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा।