Flats Allotment नई दिल्ली: केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने कहा है कि केन्द्र सरकार जेएनएनयूआरएम के तहत दिल्ली में आवंटित नहीं किए गए लगभग 48,000 फ्लैटों की जांच के लिए एक समिति गठित करने पर विचार करेगी। उन्होंने कहा कि इन फ्लैटों की स्थिति खराब है और कुछ तो रहने लयोग्य भी नहीं हैं। राजसभा में एक प्रश्न के उत्तर में मंत्री ने कहा कि 2012 में जेएनएनयूआरएम योजना के तहत दिल्ली में 52,344 फ्लैट बनाए गए थे लेकिन केवल 4,871 फ्लैट ही गरीबों को आवंटित किए गए थे।
सांसद स्वाति मालीवाल ने आरोप लगाया था कि आम आदमी पार्टी की पूर्व सरकार ने वोट बैंक की राजनीति के कारण इन फ्लैटों का आवंटन नहीं किया था।मंत्री ने कहा कि वह इस आरोप से “आश्चर्यचकित” हैं और जांच के लिए समिति गठित करने पर विचार करेंगे। उन्होंने कहा कि वर्तमान दिल्ली सरकार इन फ्लैटों की मरम्मत करवाकर गरीबों को आवंटित करने के लिए तैयार है। जो फ्लैट रहने लयोग्य नहीं हैं उनकी जांच करवाई जाएगी और जरूरत पड़ने पर उन्हें ध्वस्त कर दिया जाएगा।