IND vs ZIM :- सीरीज का अगला मुकाबला रोमांच से भरपूर माना जा रहा है। क्रिकेट प्रेमियों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या टीम इंडिया को किस्मत का साथ मिलेगा या नहीं। चर्चा इस वजह से तेज है क्योंकि लगभग अठारह सौ किलोमीटर दूर होने वाली एक दूसरी भिड़ंत का असर सीधे इस मुकाबले पर पड़ सकता है। अगले चार घंटे बेहद अहम माने जा रहे हैं।
भारतीय टीम हाल के समय में युवा खिलाड़ियों के दम पर शानदार प्रदर्शन कर रही है। बल्लेबाजी क्रम में आक्रामक शुरुआत और मध्यक्रम की स्थिरता ने टीम को मजबूती दी है। गेंदबाजी में भी तेज और स्पिन दोनों विभाग संतुलित नजर आ रहे हैं। ऐसे में समीकरण केवल मैदान पर खेले जाने वाले मैच तक सीमित नहीं हैं बल्कि दूसरी टीमों के नतीजों से भी जुड़े हुए हैं।
जिम्बाब्वे की टीम को हल्के में नहीं लिया जा सकता। घरेलू परिस्थितियों में वह अक्सर चुनौती पेश करती है। अगर पिच धीमी रही तो स्पिनरों की भूमिका बढ़ सकती है। वहीं तेज गेंदबाज नई गेंद से शुरुआती झटके देने की कोशिश करेंगे।
फैंस को उम्मीद है कि भारत का प्रदर्शन निरंतर बना रहेगा। पिछले कुछ महीनों में टीम ने दबाव की परिस्थितियों में संयम दिखाया है। कप्तान की रणनीति और खिलाड़ियों की फॉर्म दोनों सकारात्मक संकेत दे रहे हैं।
अब सबकी निगाहें अगले कुछ घंटों पर टिकी हैं। किस्मत का साथ तभी मायने रखेगा जब मैदान पर प्रदर्शन मजबूत होगा। क्रिकेट अनिश्चितताओं का खेल है और यही इसकी सबसे बड़ी खूबी भी है। आने वाला समय तय करेगा कि भारत को फायदा मिलता है या फिर मुकाबला और ज्यादा दिलचस्प मोड़ लेता है।