कराची (पाकिस्तान):- ईरान के सर्वोच्च नेता की मौत की खबर के बाद पाकिस्तान के कराची शहर में हालात अचानक तनावपूर्ण हो गए जहां बड़े पैमाने पर हिंसा और विरोध प्रदर्शन देखने को मिले। रिपोर्टों के अनुसार प्रदर्शनकारियों की भीड़ ने कई स्थानों पर तोड़फोड़ की और स्थिति उस समय गंभीर हो गई जब अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के बाहर हिंसक झड़पें शुरू हो गईं।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने दूतावास परिसर के आसपास आगजनी की जिससे इलाके में अफरातफरी फैल गई। सुरक्षा बलों ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त जवान तैनात किए और कई इलाकों को घेरकर स्थिति संभालने की कोशिश की। स्थानीय प्रशासन ने शहर के संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ा दी है।
अधिकारियों के अनुसार हिंसा के दौरान कम से कम आठ लोगों की मौत की खबर सामने आई है जबकि कई अन्य लोग घायल हुए हैं। घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है और आपात सेवाओं को अलर्ट पर रखा गया है। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है।
स्थिति को देखते हुए पाकिस्तान सरकार ने कराची के कई हिस्सों में धारा जैसी पाबंदियां लागू कर दी हैं ताकि भीड़ एकत्र न हो सके। इंटरनेट सेवाओं पर भी आंशिक नियंत्रण की खबरें सामने आई हैं जिससे गलत सूचनाओं के प्रसार को रोका जा सके।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस घटना को लेकर चिंता व्यक्त की जा रही है। कूटनीतिक मिशनों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है और कई देशों ने अपने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह जारी की है। विशेषज्ञों का मानना है कि मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव का असर अब दूसरे देशों में भी दिखाई देने लगा है जिससे क्षेत्रीय स्थिरता पर दबाव बढ़ सकता है।
फिलहाल कराची में सुरक्षा एजेंसियां हालात पर नजर बनाए हुए हैं और हिंसा में शामिल लोगों की पहचान कर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। प्रशासन का कहना है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे और शहर में जल्द सामान्य स्थिति बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है।