Health tips :- आज भी बहुत से लोग यह मानते हैं कि कभी कभी या महीने में दो चार सिगरेट पी लेने से शरीर पर कोई खास असर नहीं पड़ता। लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञ इस सोच को पूरी तरह गलत बताते हैं। डॉक्टरों के अनुसार थोड़ी मात्रा में किया गया धूम्रपान भी शरीर को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है और कई खतरनाक बीमारियों का कारण बन सकता है।मेडिकल ऑन्कोलॉजी विभाग के वरिष्ठ विशेषज्ञ डॉ अंकित जैन के अनुसार कभी कभार सिगरेट पीना भी सुरक्षित नहीं है। उनका कहना है कि धूम्रपान की हर मात्रा शरीर के लिए हानिकारक होती है क्योंकि सिगरेट में मौजूद जहरीले रसायन सीधे फेफड़ों और रक्त प्रणाली पर असर डालते हैं।
डॉक्टरों के मुताबिक कई लोग खुद को यह समझाकर सिगरेट पीते हैं कि वे नियमित स्मोकर नहीं हैं इसलिए उन्हें खतरा कम है। लेकिन रिसर्च बताती है कि कभी कभार धूम्रपान करने वाले लोगों में भी हृदय रोग फेफड़ों की बीमारी और कैंसर का खतरा बढ़ सकता है। सिगरेट के धुएं में मौजूद निकोटिन और अन्य रसायन धीरे धीरे शरीर के अंगों को नुकसान पहुंचाते हैं।
विशेषज्ञ यह भी बताते हैं कि कभी कभार धूम्रपान करने की आदत समय के साथ नियमित आदत में बदल सकती है। शुरुआत में लोग सिर्फ सामाजिक माहौल में या दोस्तों के साथ सिगरेट पीते हैं लेकिन धीरे धीरे यह आदत बढ़ जाती है और व्यक्ति नियमित स्मोकर बन सकता है। इसलिए शुरुआत में ही इस आदत से दूर रहना सबसे सुरक्षित तरीका माना जाता है।
धूम्रपान का असर सिर्फ फेफड़ों तक सीमित नहीं रहता बल्कि यह हृदय रक्त वाहिकाओं और शरीर के कई महत्वपूर्ण अंगों को प्रभावित करता है। लंबे समय तक इसका असर रहने पर शरीर की प्रतिरोधक क्षमता भी कमजोर हो सकती है जिससे कई अन्य बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।
डॉक्टरों का कहना है कि स्वस्थ जीवन के लिए धूम्रपान से पूरी तरह दूरी बनाना जरूरी है। अगर किसी को यह आदत है तो उसे धीरे धीरे छोड़ने की कोशिश करनी चाहिए और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह भी लेनी चाहिए।
इसलिए यह समझना जरूरी है कि धूम्रपान चाहे कम हो या ज्यादा वह हमेशा शरीर के लिए नुकसानदेह ही होता है। बेहतर यही है कि सिगरेट से पूरी तरह दूर रहकर स्वस्थ और सुरक्षित जीवन की ओर कदम बढ़ाया जाए।