नई दिल्ली :- मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव का असर अब खेल जगत पर भी साफ दिखाई देने लगा है। सुरक्षा चिंताओं के चलते एक बड़े जिम्नास्टिक्स टूर्नामेंट और प्रतिष्ठित फॉर्मूला 1 रेस को रद्द कर दिया गया है।
आयोजकों ने खिलाड़ियों और दर्शकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यह फैसला लिया है। लगातार बढ़ते सैन्य तनाव और संभावित खतरे को देखते हुए अंतरराष्ट्रीय खेल संस्थाओं ने कार्यक्रमों को स्थगित या रद्द करना ही उचित समझा।
जिम्नास्टिक्स प्रतियोगिता में दुनिया भर के खिलाड़ी हिस्सा लेने वाले थे लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए इसे टाल दिया गया। इसी तरह फॉर्मूला वन रेस भी सुरक्षा कारणों से आयोजित नहीं हो सकी जिससे खेल प्रेमियों को बड़ा झटका लगा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर क्षेत्र में हालात जल्द सामान्य नहीं हुए तो आने वाले समय में और भी खेल आयोजनों पर असर पड़ सकता है। अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट अक्सर बड़े स्तर पर आयोजित होते हैं जहां खिलाड़ियों और दर्शकों की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण होती है।
खेल संगठनों ने यह भी संकेत दिया है कि स्थिति सामान्य होने के बाद नए शेड्यूल की घोषणा की जाएगी। फिलहाल सभी की नजरें मिडिल ईस्ट के हालात पर टिकी हैं और यही तय करेगा कि आगे खेल गतिविधियां कब और कैसे शुरू होंगी।
यह घटनाक्रम दिखाता है कि वैश्विक तनाव केवल राजनीति या अर्थव्यवस्था तक सीमित नहीं रहता बल्कि खेल जैसे क्षेत्रों को भी सीधे प्रभावित करता है।