लेबनान :-लेबनान ने एक कड़ा कूटनीतिक कदम उठाते हुए नियुक्त ईरानी दूत को अवांछित व्यक्ति घोषित कर दिया है। सरकार ने दूत को निर्देश दिया है कि वह रविवार तक देश छोड़ दें। इस फैसले से ईरान और लेबनान के बीच संबंधों में तनाव बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
पर्शेना नोन ग्राता घोषित किए जाने का मतलब होता है कि किसी विदेशी राजनयिक को मेजबान देश में अवांछित घोषित कर दिया गया है और उसे निर्धारित समय के भीतर देश छोड़ना होता है। आमतौर पर यह कदम गंभीर कूटनीतिक असहमति या विवाद की स्थिति में उठाया जाता है।
हालांकि इस फैसले के पीछे के सटीक कारणों का आधिकारिक तौर पर खुलासा नहीं किया गया है, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि यह निर्णय क्षेत्र में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और हालिया घटनाओं से जुड़ा हो सकता है।
इस घटनाक्रम ने मध्य पूर्व की पहले से ही संवेदनशील स्थिति को और जटिल बना दिया है। आने वाले दिनों में दोनों देशों के बीच रिश्तों और क्षेत्रीय स्थिरता पर इसका असर देखने को मिल सकता है।