नई दिल्ली :- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच हुई बातचीत को लेकर चल रही अटकलों पर सरकार ने स्पष्ट जवाब दिया है। विदेश मंत्रालय (MEA) ने साफ किया है कि यह कॉल केवल दोनों नेताओं के बीच ही हुई थी, इसमें किसी तीसरे व्यक्ति की मौजूदगी नहीं थी।
मस्क की मौजूदगी की खबरों का खंडन
हाल ही में कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि एलन मस्क भी इस बातचीत के दौरान मौजूद थे। हालांकि, MEA ने इन खबरों को पूरी तरह निराधार और गलत बताया है।
आधिकारिक बयान में क्या कहा गया?
विदेश मंत्रालय के अनुसार, प्रधानमंत्री और अमेरिकी राष्ट्रपति के बीच हुई बातचीत सिर्फ द्विपक्षीय मुद्दों और कूटनीतिक विषयों तक सीमित थी और इसमें किसी अन्य व्यक्ति की भागीदारी नहीं थी।
अफवाहों पर लगा विराम
MEA के इस स्पष्टीकरण के बाद सोशल मीडिया और मीडिया में चल रही अटकलों पर विराम लग गया है।सरकार के स्पष्ट बयान से यह साफ हो गया है कि प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच हुई बातचीत पूरी तरह आधिकारिक और गोपनीय थी, जिसमें किसी तीसरे व्यक्ति की कोई भूमिका नहीं थी।