नई दिल्ली :- कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी की तबीयत अचानक बिगड़ने के बाद दिल्ली के प्रसिद्ध सर गंगा राम अस्पताल में उन्हें भर्ती कराया गया था। २४ मार्च २०२६ की रात १० बजकर २२ मिनट पर बुखार की शिकायत के चलते उनका अस्पताल में दाखिला हुआ। अस्पताल के चेयरमैन डॉक्टर अजय स्वरूप ने विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि डॉक्टर डी एस राणा डॉक्टर एस नंदी और डॉक्टर अरूप बसु की देखरेख में उनका इलाज शुरू किया गया।
वे सिस्टमिक इन्फेक्शन से प्रभावित थीं इसलिए एंटीबायोटिक्स दवाओं का कोर्स दिया गया। इलाज के दौरान उनका शरीर दवाओं पर बेहतर प्रतिक्रिया दे रहा था। चिकित्सकों की टीम लगातार उनकी निगरानी करती रही और सभी जरूरी जांचें भी की गईं। मौसम में बदलाव और दिल्ली की वायु प्रदूषण जैसी स्थितियों ने भी उनकी पुरानी स्वास्थ्य समस्याओं को थोड़ा बढ़ावा दिया था लेकिन कोई गंभीर खतरा नहीं था।
उनके परिवार के सदस्य राहुल गांधी और प्रियंका गांधी उनके साथ अस्पताल में मौजूद रहे जिससे उन्हें मनोबल मिला। अस्पताल प्रशासन ने नियमित रूप से स्वास्थ्य बुलेटिन जारी किए जिसमें उनकी स्थिति स्थिर बताई गई। धीरे धीरे उनके सभी मापदंड सामान्य होते गए और वे पूरी तरह स्वस्थ महसूस करने लगीं।
आज सुबह चिकित्सकों ने उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी है ताकि घर पर आराम से आगे का इलाज और नियमित फॉलो अप हो सके। अब वे घर पहुंचकर अपनी दिनचर्या में वापस लौट रही हैं। यह घटना उनके समर्थकों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं में चिंता पैदा कर गई थी लेकिन सकारात्मक अपडेट ने सबको राहत दी है।
सोनिया गांधी लंबे समय से देश की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभाती रही हैं। उनकी सेहत का ध्यान रखना जरूरी है क्योंकि वे कांग्रेस पार्टी की मार्गदर्शक बनी हुई हैं। डॉक्टरों की सलाह है कि वे कुछ दिनों तक आराम करें स्वस्थ आहार लें और नियमित दवाएं जारी रखें।
यह पूरा प्रकरण दिखाता है कि उम्र के इस पड़ाव में छोटी सी स्वास्थ्य समस्या भी तुरंत ध्यान मांगती है। सर गंगा राम अस्पताल की टीम ने बेहतरीन सेवा दी जिसके लिए धन्यवाद दिया जा रहा है। देशवासी सोनिया गांधी के शीघ्र पूर्ण स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।