नई दिल्ली :- बॉलीवुड अभिनेत्री और पूर्व मिस इंडिया सेलिना जेटली ने हाल ही में मुंबई की एक अदालत में अपने ऑस्ट्रियाई पति पीटर हाग के खिलाफ घरेलू हिंसा की गंभीर याचिका दायर की है। इस याचिका में उन्होंने पति द्वारा लंबे समय से चल रहे शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न का हवाला दिया है। सेलिना की यह याचिका न केवल उनके व्यक्तिगत जीवन से जुड़ी है बल्कि घरेलू हिंसा और महिलाओं की सुरक्षा के मुद्दे को भी प्रकाश में लाती है।
सूत्रों के अनुसार, सेलिना ने अदालत में प्रस्तुत दस्तावेजों और सबूतों में बताया कि उनके पति ने लगातार धमकियों और अपमानजनक व्यवहार के जरिए उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया। इसके साथ ही उन्होंने अदालत से सुरक्षा और उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की है ताकि उन्हें और उनके परिवार को कोई खतरा न रहे।
सेलिना जेटली का यह कदम बॉलीवुड और समाज में घरेलू हिंसा के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने वाला भी माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामले यह दिखाते हैं कि महिलाओं को अपने अधिकारों के लिए कदम उठाने से डरना नहीं चाहिए। अदालत में याचिका दायर करना एक कानूनी प्रक्रिया है जिससे पीड़िता अपने और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकती है।
हालांकि मामला अभी न्यायिक प्रक्रिया के तहत है और अदालत की ओर से किसी भी तरह का अंतिम फैसला नहीं आया है। लेकिन सेलिना की इस याचिका ने मीडिया और जनता का ध्यान घरेलू हिंसा की गंभीरता की ओर खींचा है। इस घटना के बाद महिलाओं की सुरक्षा, कानूनी सहायता और मानसिक स्वास्थ्य जैसे मुद्दे भी एक बार फिर चर्चा में आ गए हैं।
यह मामला यह याद दिलाता है कि घरेलू हिंसा केवल निजी समस्या नहीं है बल्कि सामाजिक और कानूनी मुद्दा भी है और महिलाओं को अपने अधिकारों के लिए साहसपूर्वक कदम उठाने का अधिकार हमेशा सुरक्षित है।