श्रीकाकुलम (आंध्र प्रदेश):- आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम जिले में स्थित मेलियापुट्टी मंडल के बंदापल्ली आदिवासी बालिका आश्रम स्कूल से एक शर्मनाक घटना सामने आई है जिसने शिक्षा जगत को झकझोर कर रख दिया है। यहाँ एक शिक्षिका का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया जिसमें वह छात्राओं से अपने पैरों की मालिश करवाते हुए दिखाई दे रही है। यह घटना न केवल शिक्षक की गरिमा को ठेस पहुँचाती है बल्कि समाज में शिक्षा के वास्तविक मूल्यों पर भी सवाल खड़े करती है।
शिक्षक को समाज में आदर्श माना जाता है और वह बच्चों के चरित्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है लेकिन जब वही शिक्षक अपने पद का दुरुपयोग करे तो यह शिक्षा व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय बन जाता है। वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय प्रशासन और शिक्षा विभाग ने तुरंत जांच के आदेश दिए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि यदि आरोप सही पाए गए तो संबंधित शिक्षिका के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना के बाद अभिभावकों और सामाजिक संगठनों में भी नाराजगी देखी जा रही है। लोगों का कहना है कि ऐसे शिक्षक बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करते हैं और उन्हें शिक्षा के मंदिर से बाहर किया जाना चाहिए। सरकार से यह भी मांग की जा रही है कि आश्रम स्कूलों में नियमित निरीक्षण हो ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके। यह घटना एक गहरी सीख देती है कि शिक्षा केवल किताबों का ज्ञान नहीं बल्कि आचरण और आदर्श का माध्यम भी है जिसे शिक्षक को अपने कर्मों से सिद्ध करना चाहिए।