जौनपुर (उत्तर प्रदेश):- केराकत कोतवाली क्षेत्र से एक गंभीर और संवेदनशील मामला सामने आया है जिसने समाज में दहेज जैसी कुप्रथा की भयावह सच्चाई को फिर उजागर कर दिया है। बेहढा गांव निवासी एक युवती के विवाह को लेकर तय हुआ रिश्ता दहेज की मांग के कारण विवाद में बदल गया। आरोप है कि विवाह तय होने के बाद जब लड़की पक्ष दहेज में बाइक देने में असमर्थ रहा तो लड़के पक्ष ने दबाव बनाना शुरू कर दिया।
परिजनों के अनुसार पहले रिश्ता तोड़ने की धमकी दी गई और बाद में युवती की आपत्तिजनक तस्वीरें वायरल करने की बात कहकर मानसिक उत्पीड़न किया गया। इस धमकी से पूरा परिवार भय और तनाव में आ गया। सामाजिक प्रतिष्ठा और बेटी के भविष्य को लेकर परिवार को गहरा आघात पहुंचा है।
बेहढा गांव निवासी विकास शुक्ला ने इस पूरे मामले को लेकर केराकत कोतवाली में लिखित तहरीर दी है। तहरीर में उन्होंने बताया कि उनकी पुत्री रिया शुक्ला की शादी जलालपुर थाना क्षेत्र के जगापुर गांव निवासी राजू पांडे पुत्र सौरभ पांडे से तय हुई थी। विवाह की तिथि पच्चीस फरवरी दो हजार छब्बीस निर्धारित थी। प्रारंभ में दोनों पक्षों की सहमति से रिश्ता तय हुआ था लेकिन बाद में दहेज को लेकर विवाद उत्पन्न हो गया।
पीड़ित परिवार का कहना है कि दहेज की मांग पूरी न होने पर लगातार धमकियां दी जा रही थीं जिससे उनकी बेटी मानसिक रूप से टूटने लगी। समाज में इस तरह की घटनाएं बेटियों की सुरक्षा और सम्मान पर बड़ा प्रश्न खड़ा करती हैं। परिवार ने पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की है ताकि दोषियों को दंड मिल सके और भविष्य में कोई अन्य परिवार इस तरह की पीड़ा का शिकार न बने।
पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। प्रशासन का कहना है कि जांच के बाद दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह मामला एक बार फिर साबित करता है कि दहेज प्रथा आज भी समाज के लिए एक गंभीर चुनौती बनी हुई है और इसके खिलाफ सख्त कदम उठाना अत्यंत आवश्यक है।