इस्लामाबाद (पाकिस्तान):- पाकिस्तान की आर्थिक राजधानी कराची एक भीषण हादसे से दहल उठी है। शहर के एक व्यस्त इलाके में स्थित शॉपिंग प्लाजा में लगी आग ने ऐसी तबाही मचाई कि पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई। इस दर्दनाक घटना में मरने वालों की संख्या बढ़कर इकसठ हो गई है जबकि कई लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।
आग लगने की यह घटना इतनी भयावह थी कि कुछ ही मिनटों में लपटों ने पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले लिया। बुधवार को जब राहत और बचाव दल ने मलबे के भीतर तलाशी अभियान तेज किया तो एक ही दुकान से तीस शव बरामद हुए। इस खुलासे के बाद मौत के आंकड़े में अचानक बड़ा इजाफा हो गया और हालात की गंभीरता और भी साफ हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग लगते ही प्लाजा में अफरातफरी मच गई। संकरी सीढ़ियां और आपात निकास की कमी के कारण कई लोग बाहर नहीं निकल सके। धुएं और आग की चपेट में आकर लोग फंसते चले गए। दमकल विभाग की टीम ने कई घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
प्रारंभिक जांच में सुरक्षा मानकों की अनदेखी सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि इमारत में अग्निशमन के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे और फायर अलार्म सिस्टम भी ठीक से काम नहीं कर रहा था। स्थानीय प्रशासन पर भी सवाल उठ रहे हैं कि आखिर इतनी बड़ी इमारत में सुरक्षा नियमों का पालन क्यों नहीं कराया गया।
सरकार ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं और मृतकों के परिजनों को मुआवजे का आश्वासन दिया गया है। वहीं अस्पतालों में घायलों का इलाज जारी है जिनमें कई की हालत गंभीर बताई जा रही है।
यह हादसा एक बार फिर शहरी इलाकों में सुरक्षा इंतजामों की पोल खोलता है। कराची जैसे बड़े शहर में इस तरह की लापरवाही ने दर्जनों जिंदगियां छीन लीं। अब सवाल यह है कि क्या इस त्रासदी से सबक लिया जाएगा या फिर ऐसी घटनाएं दोहराई जाती रहेंगी।