गया (बिहार): बिहार के गया जिले में एक दर्दनाक घटना उस समय सामने आई जब चार वर्षीय एक मासूम बच्चा करीब 300 फीट गहरे खुले बोरवेल में गिर गया। यह हादसा गुरुवार शाम लगभग 6:30–7:30 बजे हुआ, जिसके बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस, एनडीआरएफ और अन्य बचाव एजेंसियां मौके पर पहुंचीं और तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया।
बचाव दल ने सबसे पहले बोरवेल के भीतर कैमरा उतारकर बच्चे की स्थिति का पता लगाया। साथ ही ऑक्सीजन की आपूर्ति सुनिश्चित की गई ताकि बच्चे को सांस लेने में कोई परेशानी न हो। इसके बाद विशेषज्ञों ने समानांतर गड्ढा (Parallel Pit) खोदने और सुरक्षित तरीके से बच्चे तक पहुंचने की रणनीति अपनाई।
करीब सात घंटे तक चले कठिन रेस्क्यू अभियान के बाद एनडीआरएफ और बचाव दल ने बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। जैसे ही मासूम को बाहर लाया गया, मौके पर मौजूद लोगों ने तालियां बजाकर राहत जताई और परिजनों की आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। बच्चे को तत्काल चिकित्सकीय जांच के लिए अस्पताल भेजा गया।
जिला प्रशासन ने बताया कि पूरे अभियान के दौरान वरिष्ठ अधिकारी लगातार मौके पर मौजूद रहे और हर चरण की निगरानी करते रहे। बचाव अभियान में आधुनिक उपकरणों और प्रशिक्षित विशेषज्ञों की मदद ली गई, जिससे बच्चे को सुरक्षित निकालना संभव हो सका।
यह घटना एक बार फिर खुले और परित्यक्त बोरवेलों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। विशेषज्ञों का कहना है कि खुले बोरवेल बच्चों के लिए बड़ा खतरा हैं और इन्हें तुरंत बंद या सुरक्षित ढंग से ढंकना अनिवार्य होना चाहिए। प्रशासन ने भी लोगों से अपील की है कि खुले बोरवेल की सूचना तत्काल स्थानीय अधिकारियों को दें, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।