पाकिस्तान में तेल मंहगा, मंत्रियों की सैलरी-विदेश दौरों पर रोक; स्कूल-कॉलेज बंद; WFH शुरू

इस्लामाबाद (पाकिस्तान):- तेल की बढ़ती कीमतों को देखते हुए शहबाज शरीफ ने खर्चों में कटौती का एलान किया है। नई योजना के तहत सरकारी ऑफिस अब हफ्ते में सिर्फ चार दिन खुलेंगे और आधे कर्मचारी घर से ही काम करेंगे। तेल की बढ़ती कीमतों और आर्थिक दबाव के बीच पाकिस्तान सरकार ने खर्चों में कटौती के लिए कई बड़े फैसले लिए हैं। सरकार का कहना है कि मौजूदा हालात को देखते हुए सख्त कदम उठाना जरूरी हो गया है ताकि सरकारी खर्च कम किया जा सके और आर्थिक स्थिति को संभाला जा सके।

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ ने नई योजना के तहत कई अहम घोषणाएं की हैं। इसके अनुसार मंत्रियों की सैलरी में कटौती की जाएगी और विदेश दौरों पर भी रोक लगा दी गई है। सरकार का मानना है कि इन कदमों से सरकारी खजाने पर पड़ने वाले अतिरिक्त बोझ को कम किया जा सकेगा।

नई व्यवस्था के तहत सरकारी दफ्तरों के कामकाज में भी बदलाव किया गया है। अब कई सरकारी कार्यालय सप्ताह में केवल चार दिन ही खुलेंगे। इसके अलावा कर्मचारियों की संख्या भी सीमित रखी जाएगी और लगभग आधे कर्मचारियों को घर से काम करने की अनुमति दी जाएगी। इस व्यवस्था का मकसद ऊर्जा की खपत कम करना और प्रशासनिक खर्च घटाना बताया गया है।

तेल संकट के असर को देखते हुए कुछ जगहों पर स्कूल और कॉलेज भी अस्थायी रूप से बंद करने का फैसला किया गया है। सरकार का कहना है कि इन कदमों से ऊर्जा की खपत को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है और आर्थिक दबाव को कुछ हद तक कम किया जा सकता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक ऊर्जा बाजार में अस्थिरता का असर कई देशों पर पड़ रहा है और पाकिस्तान भी इससे अछूता नहीं है। आने वाले समय में सरकार को आर्थिक स्थिरता बनाए रखने के लिए और भी नीतिगत फैसले लेने पड़ सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *