इजरायल :- ब्राज़ील और इज़राइल के बीच कूटनीतिक तनाव एक बार फिर चर्चा में है। ब्राज़ील सरकार ने इज़राइल द्वारा नियुक्त नए राजदूत को अब तक औपचारिक स्वीकृति (एग्रीमां) नहीं दी है, जिसके चलते दोनों देशों के संबंधों में खिंचाव और बढ़ गया है।
इज़राइल ने इस कदम को गंभीरता से लेते हुए ब्राज़ील के साथ अपने राजनयिक संबंधों को सीमित करने का निर्णय लिया है। इसके बाद दोनों देशों के बीच उच्च स्तरीय कूटनीतिक संपर्क प्रभावित हुए हैं और दूतावासों का काम सीमित स्तर पर जारी है।
दोनों देशों के बीच तनाव की शुरुआत गाज़ा युद्ध को लेकर ब्राज़ील के राष्ट्रपति लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा की तीखी टिप्पणियों के बाद हुई थी। इसके बाद दोनों सरकारों के बीच कई बार सार्वजनिक बयानबाज़ी भी देखने को मिली।
हालांकि, सोशल मीडिया पर वायरल यह दावा कि “ब्राज़ील ने इज़राइल के राजदूत को देश से निष्कासित कर दिया” सही नहीं है। उपलब्ध आधिकारिक जानकारी के अनुसार ऐसा कोई कदम नहीं उठाया गया है। मौजूदा विवाद नए राजदूत की नियुक्ति को मंजूरी न मिलने और राजनयिक संबंधों में आई तल्खी से जुड़ा है।
विश्लेषकों का मानना है कि दोनों देशों के बीच मतभेदों के बावजूद भविष्य में कूटनीतिक वार्ता के माध्यम से संबंधों को सामान्य बनाने की कोशिशें जारी रह सकती हैं।