Ayushman Bharat: जेपी नड्डा ने ‘आरोग्य मंथन 2026’ का किया उद्घाटन, आयुष्मान भारत के 8 साल पूरे; 60 करोड़ से ज्यादा लोगों तक पहुंची योजना

Ayushman Bharat (नई दिल्ली): केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा ने शुक्रवार को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में ‘आरोग्य मंथन 2026’ का उद्घाटन किया। कार्यक्रम के जरिए आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB PM-JAY) के आठ वर्ष और आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (ABDM) के पांच वर्ष पूरे होने को चिह्नित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) की ओर से किया गया।

आरोग्य मंथन में स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े वरिष्ठ सरकारी अधिकारी, अस्पताल एवं स्वास्थ्य सेवा प्रदाता, बीमा क्षेत्र के प्रतिनिधि, डिजिटल हेल्थ विशेषज्ञ, शिक्षाविद और अन्य हितधारक शामिल हुए। कार्यक्रम में देश के स्वास्थ्य आश्वासन और डिजिटल स्वास्थ्य तंत्र की प्रगति की समीक्षा के साथ भविष्य की प्राथमिकताओं पर चर्चा की गई।

60 करोड़ से ज्यादा लाभार्थियों तक पहुंची PM-JAY

कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से बताया गया कि AB PM-JAY के तहत अब तक 60 करोड़ से अधिक लाभार्थी कवर किए जा चुके हैं। योजना के माध्यम से 13 करोड़ से अधिक अस्पताल में भर्ती की सुविधा मिली है, जिनसे संबंधित उपचार का मूल्य 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक बताया गया है। योजना के तहत माध्यमिक और तृतीयक स्तर के अस्पताल में भर्ती के लिए प्रति परिवार प्रति वर्ष 5 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य कवर उपलब्ध है।

सरकार के अनुसार, अक्टूबर 2024 में योजना का विस्तार कर 70 वर्ष और उससे अधिक उम्र के सभी वरिष्ठ नागरिकों को सामाजिक-आर्थिक स्थिति की परवाह किए बिना इसके दायरे में शामिल किया गया था। इससे लगभग छह करोड़ अतिरिक्त वरिष्ठ नागरिकों को स्वास्थ्य सुरक्षा के दायरे में लाने की व्यवस्था हुई।

Ayushman Bharat: डिजिटल हेल्थ में भी तेजी

आरोग्य मंथन 2026 में आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन की प्रगति पर भी चर्चा हुई। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, 1 सितंबर 2026 तक 97.8 करोड़ से अधिक ABHA बनाए जा चुके थे और 121 करोड़ से अधिक स्वास्थ्य रिकॉर्ड इनसे लिंक किए गए थे। ABDM इकोसिस्टम में 5.6 लाख से ज्यादा स्वास्थ्य सुविधाएं और करीब 11 लाख स्वास्थ्य पेशेवर पंजीकृत हैं।

ABDM का उद्देश्य स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए एक कनेक्टेड और इंटरऑपरेबल डिजिटल ढांचा तैयार करना है, जिससे स्वास्थ्य संबंधी जानकारी के सुरक्षित आदान-प्रदान और डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा मिल सके।

डिजिटल स्वास्थ्य के लिए नई पहल लॉन्च

आरोग्य मंथन 2026 में डिजिटल स्वास्थ्य और स्वास्थ्य बीमा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई नई पहलों की शुरुआत की गई। इनमें National Healthcare Providers Registry (NHPR) Mobile App, NHCX Implementation Guide for Payers, Model Digital Health Facility की गाइडबुक, Secure Data Environment (SDE) और AB PM-JAY के तहत दावों के ऑटो-एडजुडिकेशन का फ्रेमवर्क शामिल हैं।

Secure Data Environment को NHA ने भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc), बेंगलुरु के सहयोग से विकसित किया है। इसका उद्देश्य स्वास्थ्य संबंधी डेटा के जिम्मेदार और सुरक्षित विश्लेषण के लिए नियंत्रित वातावरण उपलब्ध कराना है। इसमें स्वीकृत उपयोगकर्ताओं को डी-आइडेंटिफाइड डेटा के साथ काम करने या सुरक्षित वातावरण में कोड चलाने की सुविधा देने की योजना है।

Government Reforms India: 2 अक्टूबर से देशभर में शुरू होगा ‘रिफॉर्म उत्सव’, 1300 से ज्यादा सुधारों को जनता तक पहुंचाएगी केंद्र सरकार

Ayushman Bharat: स्वास्थ्य बीमा और क्लेम प्रक्रिया पर भी चर्चा

कार्यक्रम में National Health Claims Exchange (NHCX) के जरिए स्वास्थ्य बीमा प्रक्रियाओं को अधिक मानकीकृत और तकनीक आधारित बनाने पर चर्चा हुई। अलग-अलग सत्रों में PM-JAY के क्लेम प्रोसेसिंग, स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, लागत प्रभावशीलता, डिजिटल प्लेटफॉर्म और स्वास्थ्य डेटा मानकों जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।

आरोग्य मंथन 2026 के दौरान AB PM-JAY और ABDM के तहत बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को भी विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का फोकस स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच, गुणवत्ता, डिजिटल बदलाव और आने वाले वर्षों के लिए स्वास्थ्य क्षेत्र की प्राथमिकताओं पर रहा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *