Krishan Pathak: (नई दिल्ली)। भारतीय पुरुष हॉकी टीम के गोलकीपर कृष्ण बहादुर पाठक करीब नौ महीने बाद राष्ट्रीय टीम में वापसी के लिए तैयार हैं। आगामी हीरो एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026 से पहले पाठक ने कहा कि उन्होंने अपने खेल के उन सभी पहलुओं पर काम किया, जिनमें सुधार की जरूरत थी। इस दौरान उन्होंने बेंगलुरु में भारतीय टीम के डेवलपमेंट ग्रुप के साथ अभ्यास किया और अतिरिक्त गोलकीपिंग सत्रों के जरिए अपनी तकनीक बेहतर बनाने पर ध्यान दिया।
एशियन चैंपियंस ट्रॉफी के लिए टीम में मिली जगह
Krishan Pathak: 29 वर्षीय कृष्ण बहादुर पाठक को एशियन चैंपियंस ट्रॉफी के लिए भारत की 18 सदस्यीय टीम में शामिल किया गया है। वह गोलकीपर मोहित एचएस की जगह टीम में आए हैं। टूर्नामेंट 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक पंजाब के जालंधर और मोहाली में आयोजित होगा।
पाठक ने दिसंबर 2025 में दक्षिण अफ्रीका दौरे पर भारत के लिए आखिरी मुकाबला खेला था। इसके बाद वह लंबे समय तक राष्ट्रीय टीम से बाहर रहे। अब उनकी वापसी ऐसे समय हुई है, जब भारतीय टीम घरेलू मैदान पर खिताब बचाने उतरेगी।
बेंगलुरु में अपनी कमियों पर किया काम
Krishan Pathak: पाठक ने बताया कि कोच ने उन्हें जिन क्षेत्रों में सुधार करने की सलाह दी थी, उन्होंने उन पर लगातार मेहनत की। डेवलपमेंट टीम के साथ अभ्यास और मैच खेलने के अलावा उन्होंने अतिरिक्त गोलकीपिंग सत्र भी किए, ताकि तकनीकी कमजोरियों को दूर किया जा सके।
उन्होंने कहा कि अब उनका ध्यान इस मौके का पूरा लाभ उठाने पर है। लंबे अंतराल के बाद टीम में वापसी करते हुए पाठक अपने अनुभव और बेहतर तैयारी को मैदान पर दिखाना चाहते हैं।
पंजाब में खेलने का खास मौका
Krishan Pathak: एशियन चैंपियंस ट्रॉफी पाठक के लिए इसलिए भी खास होगी, क्योंकि जालंधर का ओलंपियन सुरजीत सिंह हॉकी स्टेडियम उस सुरजीत हॉकी अकादमी से जुड़ा है, जहां उन्होंने करीब सात साल तक खेल की बारीकियां सीखीं।
पाठक ने कहा कि जिस मैदान पर उन्होंने हॉकी सीखी, उसी मैदान पर भारत के लिए खेलना उनके लिए बेहद खास अनुभव होगा। अपने गृह राज्य पंजाब में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलने का अवसर उनके लिए अतिरिक्त प्रेरणा भी है।
156 अंतरराष्ट्रीय मैचों का अनुभव
Krishan Pathak: कृष्ण बहादुर पाठक अब तक भारत के लिए 156 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुके हैं। वह लंबे समय तक दिग्गज गोलकीपर पीआर श्रीजेश के साथ टीम में रहे। पेरिस ओलंपिक 2024 के बाद श्रीजेश के संन्यास लेने पर भारतीय गोलपोस्ट की जिम्मेदारी संभालने वाले गोलकीपरों में पाठक भी शामिल रहे हैं।
नौ महीने के अंतराल के दौरान उन्होंने अपनी फिटनेस, तकनीक और गोलकीपिंग से जुड़े पहलुओं पर ध्यान दिया। अब उनकी कोशिश टीम में मिले अवसर को प्रदर्शन में बदलने की होगी।
27 अक्टूबर को भारत का पहला मुकाबला
Krishan Pathak: भारत एशियन चैंपियंस ट्रॉफी में 27 अक्टूबर को बांग्लादेश के खिलाफ अभियान शुरू करेगा। इसके बाद टीम 29 अक्टूबर को चीन, 30 अक्टूबर को जापान, 1 नवंबर को मलेशिया और 2 नवंबर को दक्षिण कोरिया से खेलेगी।
लीग चरण के मुकाबले जालंधर में होंगे, जबकि सेमीफाइनल और पदक मुकाबले 4 और 5 नवंबर को मोहाली में आयोजित किए जाएंगे।
Krishan Pathak: निष्कर्ष: कृष्ण बहादुर पाठक की वापसी भारतीय हॉकी टीम के लिए एक अहम घटनाक्रम है। अब टूर्नामेंट में उनका प्रदर्शन तय करेगा कि नौ महीने की मेहनत और तैयारी को वह मैदान पर किस तरह भुना पाते हैं।