मुंबई। 90 के दशक का बॉलीवुड संगीत आज भी लाखों लोगों के दिलों में खास जगह रखता है। उस दौर में कई ऐसे रोमांटिक गाने आए, जिन्होंने प्रेम, दोस्ती और कॉलेज लाइफ की यादों को संगीत के जरिए हमेशा के लिए यादगार बना दिया। ऐसा ही एक गीत है ‘हम लाख छुपाए प्यार मगर’, जिसे दिग्गज गायिका आशा भोसले और मशहूर गायक कुमार सानू ने अपनी आवाज दी थी।
करीब 34 साल पहले रिलीज हुआ यह गाना उस समय लोगों के बीच काफी लोकप्रिय हुआ था। खास बात यह थी कि दूरदर्शन के लोकप्रिय कार्यक्रम ‘रंगोली’ में इस गीत को सुनने के लिए दर्शक रविवार की सुबह का इंतजार किया करते थे।
दूरदर्शन के रंगोली कार्यक्रम से जुड़ी थीं खास यादें
90 के दशक में मनोरंजन के साधन आज की तरह नहीं थे। उस समय टेलीविजन पर दूरदर्शन का खास स्थान था। रविवार की सुबह प्रसारित होने वाला कार्यक्रम ‘रंगोली’ हिंदी फिल्मी गीतों के शौकीनों के लिए किसी उत्सव से कम नहीं था।
इस कार्यक्रम में पुराने और नए फिल्मी गाने दिखाए जाते थे। परिवार के लोग सुबह टीवी के सामने बैठकर अपने पसंदीदा गीतों का आनंद लेते थे। ‘हम लाख छुपाए प्यार मगर’ भी उन गीतों में शामिल था, जिसने दर्शकों के बीच खास पहचान बनाई।
1992 की फिल्म ‘जान तेरे नाम’ का है गाना
‘हम लाख छुपाए प्यार मगर’ साल 1992 में रिलीज हुई फिल्म ‘जान तेरे नाम’ का गीत है। फिल्म में रॉनित रॉय और फरहीन मुख्य भूमिकाओं में नजर आए थे। इस फिल्म का निर्देशन दीपक बलराज विज ने किया था।
गाने को आशा भोसले और कुमार सानू ने अपनी आवाज दी थी। इसका संगीत नदीम-श्रवण की जोड़ी ने तैयार किया था, जबकि गीत के बोल रानी मलिक ने लिखे थे।
फिल्म भले न चली, लेकिन गाने बन गए यादगार
फिल्म ‘जान तेरे नाम’ को बॉक्स ऑफिस पर वैसी सफलता नहीं मिली, जैसी उम्मीद की गई थी। हालांकि, इसके गानों ने दर्शकों के बीच अलग पहचान बनाई। फिल्म के संगीत में अलका याग्निक, उदित नारायण और साधना सरगम जैसे गायकों की आवाज भी सुनने को मिली।
खासतौर पर ‘हम लाख छुपाए प्यार मगर’ युवाओं के बीच लोकप्रिय हुआ। इसके बोल छिपकर मिलने वाले प्यार और कॉलेज के दिनों की मासूम भावनाओं को दर्शाते हैं।
आज भी सुनते ही लौट आती हैं पुरानी यादें
आज भले ही संगीत सुनने के लिए मोबाइल फोन, म्यूजिक ऐप और इंटरनेट के कई विकल्प मौजूद हैं, लेकिन 90 के दशक के गानों का आकर्षण अब भी बरकरार है। ‘हम लाख छुपाए प्यार मगर’ जैसे गीत सुनते ही लोगों को दूरदर्शन के रविवार, परिवार के साथ बिताई सुबह और कॉलेज के दिनों का रोमांस याद आ जाता है।
यही वजह है कि आशा भोसले और कुमार सानू की आवाज में सजा यह गीत आज भी पुराने हिंदी फिल्मी संगीत के चाहने वालों की पसंद बना हुआ है।