नई दिल्ली। बाजार में बिकने वाले कई पेय पदार्थों पर “Energy Drink” लिखा देखकर लोग उन्हें तुरंत ऊर्जा देने वाला और स्वास्थ्यवर्धक मान लेते हैं। लेकिन अब इसी दावे को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। संबंधित कंपनियों को नोटिस जारी किए गए हैं और उनसे अपने उत्पादों पर किए जा रहे दावों के संबंध में जवाब मांगा गया है।
जानकारों का कहना है कि कई एनर्जी ड्रिंक्स में कैफीन, चीनी (Sugar) और अन्य उत्तेजक तत्व अधिक मात्रा में हो सकते हैं। ऐसे में इनके प्रचार और लेबलिंग को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं कि कहीं उपभोक्ताओं को गुमराह तो नहीं किया जा रहा। इसी वजह से नियामक एजेंसियां इस मामले की जांच कर रही हैं।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, अधिक मात्रा में एनर्जी ड्रिंक का सेवन करने से कुछ लोगों में दिल की धड़कन तेज होना, अनिद्रा, बेचैनी, उच्च रक्तचाप और डिहाइड्रेशन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। खासकर बच्चों, किशोरों, गर्भवती महिलाओं और हृदय रोगियों को इनका सेवन सावधानी से करना चाहिए।
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि किसी भी पेय पदार्थ को खरीदने से पहले उसके लेबल, कैफीन और शुगर की मात्रा जरूर पढ़ें। केवल “Energy Drink” लिखा होने का मतलब यह नहीं है कि वह स्वास्थ्य के लिए पूरी तरह सुरक्षित या लाभदायक है।
फिलहाल संबंधित कंपनियों से नोटिस पर जवाब मांगा गया है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई नियामक एजेंसियों के फैसले के अनुसार की जाएगी।