J&K Assembly (श्रीनगर):- जम्मू-कश्मीर विधानसभा में सोमवार को जमकर हंगामा हुआ। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायकों ने बिजली दरों (Power Tariff) में की गई बढ़ोतरी और अन्य जन मुद्दों को लेकर सदन में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया, जिसके कारण विधानसभा की कार्यवाही को कुछ देर के लिए स्थगित करना पड़ा।
बताया जा रहा है कि प्रश्नकाल शुरू होते ही BJP के विधायक अपनी सीटों से खड़े हो गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। विधायकों के हाथों में प्लेकार्ड थे, जिन पर “बिजली के दाम वापस लो” और “गरीब विरोधी सरकार” जैसे नारे लिखे थे।
J&K Assembly: क्या है पूरा मामला?
दरअसल, जम्मू-कश्मीर की उमर अब्दुल्ला सरकार ने हाल ही में बिजली दरों में बढ़ोतरी का फैसला किया है। सरकार का कहना है कि बिजली विभाग घाटे में चल रहा है और बेहतर सप्लाई के लिए दरें बढ़ाना जरूरी था। लेकिन BJP ने इसे जनविरोधी फैसला करार दिया है।
BJP विधायकों का आरोप है कि सरकार बनने के बाद से ही आम लोगों पर महंगाई का बोझ बढ़ाया जा रहा है। एक BJP विधायक ने कहा, “जम्मू-कश्मीर में पहले से ही बेरोजगारी चरम पर है, ऊपर से सर्दियों से पहले बिजली महंगी कर दी गई। यह गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों के साथ अन्याय है।”
BJP विधायकों ने सिर्फ बिजली ही नहीं, बल्कि पानी की किल्लत, सड़कों की खराब हालत और स्मार्ट मीटर से ज्यादा बिल आने जैसे मुद्दों को भी सदन में उठाया। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद लोगों के बिजली बिल 3 से 4 गुना ज्यादा आ रहे हैं, जिससे लोग परेशान हैं।
J&K Assembly: स्पीकर ने दी चेतावनी
हंगामा बढ़ता देख विधानसभा स्पीकर ने BJP विधायकों को शांत रहने और अपनी सीट पर बैठने को कहा, लेकिन विधायक विरोध प्रदर्शन करते रहे। इसके बाद स्पीकर ने सदन की कार्यवाही 20 मिनट के लिए स्थगित कर दी।
कार्यवाही दोबारा शुरू होने पर भी BJP विधायक अपनी मांग पर अड़े रहे और वेल में आकर प्रदर्शन करने लगे। बाद में विपक्ष के नेता सुनील शर्मा ने कहा कि अगर सरकार ने बिजली दरों में बढ़ोतरी का फैसला वापस नहीं लिया तो BJP सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन करेगी।
J&K Assembly: सरकार का क्या कहना है?
वहीं, नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) सरकार की तरफ से कहा गया कि BJP सिर्फ राजनीतिक फायदे के लिए हंगामा कर रही है। सरकार के एक मंत्री ने कहा कि पिछली सरकारों के दौरान बिजली विभाग को जो नुकसान हुआ है, उसकी भरपाई के लिए यह फैसला लेना पड़ा। उन्होंने आश्वासन दिया कि गरीब परिवारों को सब्सिडी दी जाएगी।
गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव के बाद बनी उमर अब्दुल्ला सरकार के सामने कई चुनौतियां हैं। बिजली का मुद्दा यहां हमेशा से संवेदनशील रहा है, खासकर सर्दियों में जब बिजली की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में BJP ने इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाकर सरकार को घेरने की रणनीति बनाई है।