पेट्रोल-डीजल खरीदने के नियम बदले! सरकार का बड़ा फैसला, अब पंप से नहीं खरीद सकेंगे बड़े उपभोक्ता

नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने पेट्रोल और डीजल की बिक्री को लेकर बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने औद्योगिक, वाणिज्यिक और संस्थागत उपभोक्ताओं (Bulk Consumers) के लिए सामान्य पेट्रोल पंपों से ईंधन खरीदने पर रोक लगा दी है। अब ऐसे उपभोक्ताओं को अपनी जरूरत का ईंधन केवल अधिकृत बल्क सेल पॉइंट्स या सीधे ऑयल मार्केटिंग कंपनियों से खरीदना होगा। यह आदेश शुरुआती तौर पर 90 दिनों के लिए लागू किया गया है।

सरकारी अधिसूचना के अनुसार, इस कदम का उद्देश्य खुदरा पेट्रोल पंपों पर बढ़ते दबाव को कम करना और आम उपभोक्ताओं के लिए ईंधन की उपलब्धता सुनिश्चित करना है। हाल के महीनों में कई उद्योग और बड़े उपभोक्ता सस्ते खुदरा ईंधन की खरीद के लिए पेट्रोल पंपों का रुख कर रहे थे, जिससे कई क्षेत्रों में मांग अचानक बढ़ गई थी।

नए नियमों के तहत पेट्रोल पंप संचालकों को निर्देश दिया गया है कि वे किसी ग्राहक या वाहन को प्रतिदिन 200 लीटर से अधिक डीजल न बेचें। साथ ही खरीदे गए डीजल के पुनर्विक्रय (Resale) पर भी रोक लगाई गई है।

विशेषज्ञों का मानना है कि खुदरा और बल्क ईंधन कीमतों के बीच बड़े अंतर के कारण कई औद्योगिक उपभोक्ता बल्क सप्लाई चैनल छोड़कर पेट्रोल पंपों से ईंधन खरीद रहे थे। इससे खुदरा पंपों पर 20 से 30 प्रतिशत तक अतिरिक्त मांग दर्ज की गई थी और कुछ इलाकों में आपूर्ति प्रभावित हुई थी।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह फैसला आम वाहन चालकों, किसानों और छोटे उपभोक्ताओं के हितों को ध्यान में रखकर लिया गया है। साथ ही यह भी कहा गया है कि देश में पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है तथा पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। लोगों से घबराकर ईंधन खरीदने से बचने की अपील की गई है।

मुख्य बातें

  • 90 दिनों के लिए नया नियम लागू।
  • उद्योग, संस्थान और बड़े व्यावसायिक उपभोक्ता पेट्रोल पंपों से ईंधन नहीं खरीद सकेंगे।
  • ईंधन केवल बल्क सेल पॉइंट्स या ऑयल कंपनियों से खरीदना होगा।
  • एक ग्राहक/वाहन को प्रतिदिन 200 लीटर से अधिक डीजल बिक्री पर रोक।
  • आम उपभोक्ताओं के लिए ईंधन उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से फैसला लिया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *