जौनपुर/लखनऊ। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को मुख्यमंत्री से मुलाकात कर प्रदेश के शिक्षकों से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व विधान परिषद सदस्य देवेंद्र प्रताप सिंह एवं राजबहादुर सिंह चंदेल ने किया।
इस अवसर पर संघ के प्रदेश अध्यक्ष विनय तिवारी तथा संयुक्त महामंत्री अमित सिंह सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। शिक्षक नेताओं ने प्रदेश सरकार द्वारा शिक्षकों, शिक्षामित्रों, अनुदेशकों एवं रसोइयों के लिए लागू की गई कैशलेस चिकित्सा योजना के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह योजना शिक्षा विभाग से जुड़े लाखों कर्मियों और उनके परिवारों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
बैठक के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने सर्वोच्च न्यायालय के हालिया आदेश के बाद टेट प्रभावित शिक्षकों के समक्ष उत्पन्न हुई परिस्थितियों को भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखा। शिक्षक संघ ने मांग की कि वर्षों से सेवाएं दे रहे शिक्षकों के हितों की रक्षा करते हुए उनकी सेवाओं को सुरक्षित रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं।
प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि इस संवेदनशील विषय पर मानवीय एवं न्यायोचित दृष्टिकोण अपनाते हुए प्रभावित शिक्षकों के भविष्य को सुरक्षित किया जाए। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और संबंधित विषयों पर आवश्यक विचार करने का आश्वासन दिया।शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने विश्वास जताया कि सरकार शिक्षकों के हितों की रक्षा के लिए सकारात्मक निर्णय लेगी, जिससे प्रदेश के शिक्षा जगत में स्थिरता और विश्वास का वातावरण बना रहेगा।