नई दिल्ली। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने और श्रद्धालुओं को एक ही यात्रा में देश के प्रमुख तीर्थस्थलों के दर्शन कराने के उद्देश्य से भारतीय रेलवे और आईआरसीटीसी ने एक विशेष टूर पैकेज की घोषणा की है। इस विशेष भारत गौरव डीलक्स पर्यटक ट्रेन के जरिए यात्री 18 दिनों की आध्यात्मिक यात्रा पर निकल सकेंगे, जिसमें तीन धाम, 11 ज्योतिर्लिंग और कई अन्य प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों के दर्शन कराए जाएंगे।
आईआरसीटीसी की यह विशेष ट्रेन आधुनिक सुविधाओं से लैस है और यात्रियों को आरामदायक एवं यादगार धार्मिक यात्रा का अनुभव प्रदान करेगी। ट्रेन में एसी कोच, भोजन, सुरक्षा, टूर एस्कॉर्ट, होटल आवास और स्थानीय भ्रमण जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
18 दिनों की आध्यात्मिक यात्रा
इस विशेष यात्रा के दौरान श्रद्धालु देश के विभिन्न राज्यों में स्थित प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन करेंगे। यात्रा में कई प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंगों के साथ-साथ महत्वपूर्ण तीर्थ क्षेत्रों को भी शामिल किया गया है। इससे श्रद्धालुओं को अलग-अलग यात्राएं करने की बजाय एक ही पैकेज में व्यापक धार्मिक अनुभव प्राप्त होगा।
ट्रेन में मिलेंगी लग्जरी सुविधाएं
भारत गौरव डीलक्स पर्यटक ट्रेन को सेमी-लक्जरी श्रेणी में तैयार किया गया है। ट्रेन में आधुनिक किचन, रेस्तरां कोच, सीसीटीवी सुरक्षा, इन्फोटेनमेंट सिस्टम, आरामदायक शयन व्यवस्था और अन्य सुविधाएं उपलब्ध हैं। यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं।
क्या-क्या रहेगा पैकेज में शामिल?
– ट्रेन यात्रा
– होटल में ठहरने की व्यवस्था
– शुद्ध शाकाहारी भोजन
– स्थानीय दर्शनीय स्थलों का भ्रमण
– टूर मैनेजर और गाइड की सुविधा
– यात्रा बीमा
– धार्मिक स्थलों तक आने-जाने की व्यवस्था
श्रद्धालुओं के लिए सुनहरा अवसर
धार्मिक पर्यटन में रुचि रखने वाले लोगों के लिए यह पैकेज बेहद खास माना जा रहा है। एक ही यात्रा में कई ज्योतिर्लिंगों और प्रमुख तीर्थस्थलों के दर्शन का अवसर मिलने से देशभर के श्रद्धालुओं में उत्साह देखा जा रहा है।
आईआरसीटीसी के अधिकारियों के अनुसार, सीमित सीटों के कारण इच्छुक यात्री समय रहते अपनी बुकिंग सुनिश्चित कर सकते हैं। यह यात्रा न केवल धार्मिक आस्था को मजबूती देगी बल्कि भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत से भी यात्रियों को रूबरू कराएगी।एक ट्रेन, 18 दिन और दर्जनों पवित्र स्थलों के दर्शन—भारतीय रेलवे का यह पैकेज श्रद्धालुओं के लिए किसी आध्यात्मिक महायात्रा से कम नहीं है।